धनबाद जेल में बंद शूटर अमन सिंह हत्याकांड मामले में रांची हाई कोर्ट ने स्वत: संज्ञान लिया है और जेल आईजी को हाजिर होने को कहा है। इधर सोमवार को जेल आइजी सीआइडी असीम विक्रांत मिंज एवं आइजी प्रिजन उमाशंकर सिंह जेल पहुंचे और गहनता के साथ जांच पड़ताल की गई। जिसके बाद लापरवाही बरतने के आरोप में धनबाद मंडल कारा के जेलर मो. मुसत्कीम अंसारी को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर विभागीय कार्यवाही चलाने का निर्देश दिया गया है। जबकि मंडल कारा चतरा के जेलर को तत्काल प्रभाव से मंडल कारा धनबाद के जेलर के रूप में पदस्थापित किया गया है। वहीं 2 कक्षपालों की संविदा रद्द कर दी गई है और 5 कक्षपालों को निलंबित करते हुए विभागीय कार्यवाही के अधीन रखा गया है।
वही सीसीटीवी फुटेज की जांच के दौरान हत्या में इस्तेमाल हथियार को ट्रेस करते हुए जेल परिसर से दो पिस्टल बरामद किया गया है। मंडल कारा में अलग-अलग टीम बना कर सभी वार्डों, सेलों एवं पूरे परिसर में तलाशी के दौरान छह मोबाइल और 18000 रुपये भी बरामद किया गया है। जांच के बाद घटना को लेकर कुल 4 प्राथमिकी दर्ज की गई है। कैदियों में आपसी टकराव एवं गैंगवार की संभावना को देखते हुए अलग-अलग गुटों के कैदियों को
अलग-अलग सेल में सिफ्ट किया गया। साथ ही घटनाक्रम को ध्यान में रखते हुए जेल सुपरिटेंडेंट, मंडल कारा धनबाद एवं उपायुक्त की अनुसंशा के आलोक में कुल 23 कैदियों को अन्य कारा में स्थानांतरित करने का निर्देश कारा निरीक्षणालय, रांची के द्वारा दिया गया है।
इधर मृतक अमन सिंह के शव के पोस्टमार्टम हुआ जिसके बाद शव को इसके परिजनो को सौप दिया गया, परिजन शव को लेकर यूपी के लिए रवाना हो गए है।







