JAMTARA : क्या INDIA गठबंधन में सब कुछ ठीक ठाक है ? या सब गोलमाल है। यह मैं नहीं कह रहा हूं। यह तस्वीर कह रही है। देखने से तो यही लग रही है की अंदरखाने में सब कुछ ठीक ठाक नहीं चल रहा है। दिखावे के लिए बाहरी तौर पर गठबंधन में एकता की चाहे जितनी लंबी चौड़ी बात की जा रही हो पर सच्चाई इससे परे और ठीक इसके उल्टे है। अब तो आने वाला समय ही बताएगा कि INDIA गठबंधन में सही तौर पर ALL IS WELL है या नहीं ?

मामला झामुमो के प्रत्याशी नलिन सोरेन के पक्ष में बुधवार को जामताड़ा के बेना काली मंदिर ग्राउंड में चुनावी जनसभा का है। जिसमे गठबंधन के साथी के तौर पर जामताड़ा से कांग्रेस पार्टी के विधायक इरफान अंसारी भी आमंत्रित थे। मंच पर झारखंड मुक्ति मोर्चा के नेता और पदाधिकारी अपनी अपनी कुर्सी पर बैठे थे। कल्पना सोरेन और प्रत्याशी नलिन सोरेन के मंच पर आने से पहले इरफान मंच पर पहुंचे। लेकिन पार्टी के किसी भी अधिकारी और नेता ने उन्हें कुर्सी के लिए नही पूछा। इरफान मंच पर चहलकदमी करते रहे। मंच पर पहले प्रत्याशी नलिन सोरेन पहुंचे फिर कुछ देर बाद कल्पना सोरेन मंच पर पहुंची। कल्पना सोरेन के मंच पर पहुंचते ही इरफान अंसारी को संबोधन के लिए आमंत्रित किया गया। इरफान 5 मिनट में ही अपना संबोधन पूरा कर दिया। संबोधन के पश्चात इरफान मंच के एक कोने पर चले गए। इस बीच ना तो पार्टी के किसी बड़े नेता और न किसी कार्यकर्ता ने उन्हें कुर्सी उपलब्ध कराया।प्रत्याशी नलिन सोरेन संबोधन के लिए खड़े हुए तो उनकी जगह इरफान कुछ देर बैठकर कल्पना सोरेन से कुछ मंत्रणा करते दिखे। नलिन सोरेन के संबोधन समाप्त होते ही इरफान पुनः उनकी सीट को छोड़कर खड़े होकर मंच के कोने में लगे कूलर के पास खड़े होकर कल्पना सोरेन का भाषण सुनते रहे।

यह चुनावी कार्यक्रम लगभग डेढ़ घंटे चला लेकिन किसी ने भी इरफान को कुर्सी के लिए नहीं पूछा। जामताड़ा के कांग्रेसी विधायक इरफान अंसारी पूरे कार्यक्रम के दौरान मंच पर खड़े रहे और चहल कदमी करते दिखे।
मंच पर गिरिडीह के विधायक सुदिप्य कुमार सोनू भी मौजूद थे, लेकिन उन्होंने भी इरफान को बैठने के लिए नहीं पूछा। माना जा रहा है इस तरह की इतनी बड़ी अनदेखी कोई मानवीय चूक तो नहीं माना जा सकता है। पूरे कार्यक्रम के दौरान गठबंधन के एक विधायक खड़े रहे और उनको कुर्सी पर बैठने के लिए कोई नहीं पूछा, विपक्ष तो यही कह रहा है की गठबंधन मे सब ठीक ठाक नही है। वहीं कार्यक्रम में पहुंचे लोग भी आश्चर्यचकित है कि यह हुआ तो क्यों। सभी सभा के खत्म होने के बाद कार्यकर्ताओं में भी इसकी खासी चर्चा होती रही। अब तो आने वाले 4 जून को ही इसका रिजल्ट मिल पाएगा की यह दिखावे के लिए था या मामला कुछ और था?








