DHANBAD : कुजामा आउटसोर्सिंग में गुरुवार को कोयला चोरों द्वारा CISF पर की गई हमला के बाद घनुवाडीह और लोदना ओपी पुलिस क्षेत्र में खूब सुर्खियां बटोर रहे है। जब तक अवैध कोयला का कारोबार चला दोनो ओपी क्षेत्र के प्रभारी के बीच कोई विवाद नहीं हुआ। लेकिन गुरुवार को जब CISF ने कोयला चोरी कर ले जाते दो बाइक को पकड़ा और कोयला तस्करी का भंडाफोड़ किया। तब कोयला चोरों ने CISF पर हमला बोल दिया। जिसके बाद दोनों और से हिंसक झड़प हुई। CISF को आत्मरक्षा के लिए गोली भी चलानी पड़ी। दोनों तरफ से कई घायल भी हुए। जब CISF हिंसक झड़प में मामला दर्ज कराने आई, तो दोनों ओपी की पुलिस ने सीमा विवाद बता कर FIR करने से मना कर दिया। जिसकी जांच करने शुक्रवार को झरिया सीओ रामसुमन प्रसाद घटना स्थल पंहुचे, लेकिन सीमा विवाद का हल नहीं निकला।

घटनास्थल पर पहुंचे सीओ रामसूमन प्रसाद ने कहा की घटना स्थल का निरीक्षण करने आए थे दोनों थाना की और से सीमा विवाद नहीं सुलझता दिख रहा है दोनों थाना अपना अपना क्षेत्र नहीं होने की बात कह रही है। सीमा क्षेत्र की मापी कर सीमा क्षेत्र का पता लगाया जाएगा।
आप को बता दे कि गुरुवार की दोपहर बीसीसीएल के लोदना एरिया के कुजामा परियोजना के देव प्रभा आउटसोर्सिंग में CISF और कोयला चोरी के लिए माइंस में गई महिलाओं के बीच झड़प हो गई थी, कोयला चोरी करने आई महिलाओं ने CISF की टीम पर हमला कर जमकर पत्थरबाजी की गई। जिसमे आधा दर्जन से अधिक जवान को चोट आई थी। जिसके बाद CISF की ओर से भी करीब 10 राउंड हवाई फायरिंग की गई थी। जिसके बाद CISF के अधिकारी मामला दर्ज करवाने घनुवाड़ीह ओपी आए जहां ओपी क्षेत्र नहीं होने का हवाला दिया गया। फिर CISF लोदना ओपी गई वहां भी ओपी क्षेत्र नहीं होने का हवाला देते हुए आवेदन लेने से मना कर दिया गया। जिससे पुलिस पर सवालिया निशान उठ रहे है। जिसके बाद मामले को गंभीरता से लेते हुए उच्च अधिकारियों के निर्देश पर आखिरकार मामला लोदना ओपी में दर्ज हुई।







